चंपावत (उत्तराखंड): विजिलेंस टीम ने शनिवार को चंपावत जिले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो फॉरेस्ट गार्ड्स को 20,000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। दोनों फॉरेस्ट गार्ड्स पर एक निप्रयोज्य लकड़ी ले जाने की अनुमति के एवज में घूस मांगने का आरोप है।
सूत्रों के अनुसार, डीएफओ (Divisional Forest Officer) को जानकारी मिली थी कि कुछ वनकर्मी लकड़ी से संबंधित कार्यों में अवैध वसूली कर रहे हैं। इस सूचना पर विजिलेंस टीम सक्रिय हुई और तीन दिनों तक की गई जांच के बाद टीम ने तल्लीसेरी मार्ग स्थित वन विभाग के कार्यालय पर दबिश दी।
इस दौरान फॉरेस्ट गार्ड दीपक जोशी और भूवन चंद्र भट्ट को शिकायतकर्ता से 20,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। टीम ने मौके से दोनों को हिरासत में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।
🧾 डीएफओ ने किया निलंबित
डीएफओ आयुष सिंह ने बताया कि दोनों फॉरेस्ट गार्ड्स को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। विभागीय स्तर पर आगे की अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा, “वन विभाग में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को नियमों के खिलाफ काम करने की अनुमति नहीं है।”
विजिलेंस विभाग के अधिकारियों के अनुसार, आरोपी कर्मचारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है और जांच आगे बढ़ रही है।







