उत्तराखंड के तराई क्षेत्रों में ठंड का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। उधम सिंह नगर सहित नैनीताल जनपद के कई हिस्सों में घने कोहरे ने सफेद चादर ओढ़ ली है, जिससे विजिबिलिटी लगभग शून्य हो गई है। आलम यह है कि सुबह आठ बजे के बाद भी लोगों को वाहनों की लाइट जलाकर चलना पड़ रहा है। सड़कों पर वाहन रेंग-रेंगकर चलते दिखाई दे रहे हैं, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
घने कोहरे के चलते राष्ट्रीय राजमार्गों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। विशेष रूप से राष्ट्रीय राजमार्ग 109 पर वाहन धीमी गति से चलते नजर आए। नैनीताल जनपद के तराई क्षेत्र लालकुआं में भी ठंड ने दस्तक दे दी है। सीजन का पहला घना कोहरा पड़ने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। ठंड बढ़ने के कारण लोग अलाव का सहारा लेते नजर आ रहे हैं।
रेलवे स्टेशन के बाहर दुकानदारों द्वारा ठंड से बचने के लिए अलाव जलाए गए हैं, जहां राहगीर भी बढ़ती ठंड में अलाव के पास खड़े होकर राहत लेते दिखे। नगर पंचायत लालकुआं क्षेत्र में ठंड से बचाव के लिए पूर्व में ही जगह-जगह अलाव की व्यवस्था की गई है, जिससे स्थानीय लोगों और यात्रियों को काफी राहत मिल रही है।
स्थानीय निवासी दीवान सिंह बिष्ट ने बताया कि सर्दियों के मौसम में आज पहली बार इतना घना कोहरा देखने को मिला है, जिससे ठंड में अचानक इजाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि घने कोहरे के कारण विजिबिलिटी शून्य हो गई है, जिसका सीधा असर सड़क यातायात पर पड़ रहा है।
कोहरे का असर सड़क यातायात के साथ-साथ रेल और हवाई सेवाओं पर भी दिखने लगा है। सुबह और देर रात के समय दृश्यता बेहद कम होने से दुर्घटनाओं की आशंका बनी हुई है। प्रशासन और यातायात पुलिस की ओर से लोगों से सतर्कता बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की जा रही है।
वहीं मौसम विभाग ने आज उत्तराखंड के मैदानी क्षेत्रों में हरिद्वार और उधम सिंह नगर जनपदों के कुछ स्थानों पर मध्यम से घना कोहरा छाए रहने की संभावना जताई है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है। हालांकि प्रदेश के अधिकांश जनपदों में मौसम शुष्क बने रहने की संभावना है।
राजधानी देहरादून की बात करें तो यहां आसमान मुख्यतः साफ रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार देहरादून में अधिकतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना जताई गई है, हालांकि सुबह और रात के समय ठंड का असर महसूस किया जाएगा।







