हल्द्वानी: शहर में रैश ड्राइविंग की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। खासकर ठंडी सड़क और आंतरिक मार्गों पर देर रात तेज रफ्तार बाइक सवारों का आतंक बना हुआ है। ताजा मामला कृष्णा अस्पताल के सामने का है, जहां तेज रफ्तार बाइक चला रहे एक युवक ने शहर के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. हरभजन सिंह को टक्कर मार दी। हादसे में डॉक्टर गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
अस्पताल के बाहर हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार घटना गुरुवार देर रात की है। हल्द्वानी कोतवाली क्षेत्र स्थित कृष्णा अस्पताल के पास एक युवक तेज रफ्तार और लापरवाही से बाइक चला रहा था। इसी दौरान उसने अस्पताल के बाहर खड़े डॉ. हरभजन सिंह को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि डॉक्टर को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
सीसीटीवी फुटेज में कैद हुई वारदात
घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि बाइक सवार तेज रफ्तार में आता है और डॉक्टर को टक्कर मारने के बाद मौके से फरार हो जाता है। हादसे के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला। लोगों का कहना है कि ठंडी सड़क पर देर रात युवाओं द्वारा स्टंटबाजी और ओवरस्पीडिंग की शिकायतें पहले भी कई बार सामने आ चुकी हैं, लेकिन सख्त कार्रवाई के अभाव में ऐसे मामलों पर रोक नहीं लग पा रही है।
एसएसपी ने लिया जायजा
घटना के बाद शुक्रवार को नैनीताल के एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी, सीओ सिटी और कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। इसके बाद अधिकारियों ने अस्पताल जाकर डॉ. हरभजन सिंह से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना।
एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने स्पष्ट कहा कि हल्द्वानी शहर में रैश ड्राइविंग और स्टंटबाजी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि ठंडी सड़क समेत अन्य संवेदनशील आंतरिक मार्गों पर स्पीड ब्रेकर लगाए जाएंगे ताकि तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण किया जा सके। इसके अलावा परिवहन विभाग और पुलिस विभाग संयुक्त रूप से विशेष चेकिंग अभियान चलाएंगे। बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग और ओवरस्पीडिंग करने वालों के खिलाफ सख्त चालान की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की अपील
हल्द्वानी पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि कहीं भी रैश ड्राइविंग या स्टंटबाजी की सूचना मिले तो तुरंत पुलिस को अवगत कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
लगातार बढ़ती रैश ड्राइविंग की घटनाओं ने शहरवासियों की चिंता बढ़ा दी है। अब देखना होगा कि प्रशासन की सख्ती से इन घटनाओं पर कितना अंकुश लग पाता है।







