देहरादून: उत्तराखंड की राजनीति में आज बड़ा दिन है। आगामी 2027 विधानसभा चुनाव से पहले लोकभवन में धामी सरकार का बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार होने जा रहा है। आज पांच नए मंत्री पद की शपथ लेंगे, जिसकी तैयारियां जोरों पर हैं। हालांकि, नए मंत्रियों के नाम अभी सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
लंबे समय से खाली थे मंत्री पद
साल 2022 में सरकार गठन के बाद पुष्कर सिंह धामी समेत 9 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली थी। उस समय से ही तीन पद खाली थे। बाद में परिवहन मंत्री चंदन रामदास के निधन और वर्ष 2025 में वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल के इस्तीफे के बाद कुल पांच पद रिक्त हो गए थे।
आज पूरी होगी विस्तार की कवायद
काफी समय से मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर चर्चाएं चल रही थीं, लेकिन अब यह प्रक्रिया अंतिम रूप में पहुंच गई है। आज लोकभवन में पांच विधायक मंत्री पद की शपथ लेकर धामी कैबिनेट का हिस्सा बनेंगे।
राजनीतिक और चुनावी दृष्टि से अहम
यह विस्तार कई मायनों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। 23 मार्च को सरकार के कार्यकाल के चार साल पूरे होने जा रहे हैं, वहीं 2027 विधानसभा चुनाव भी नजदीक हैं। ऐसे में इस विस्तार को चुनावी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, नए मंत्रियों के चयन में क्षेत्रीय, जातीय और सामाजिक संतुलन के साथ-साथ महिलाओं और युवाओं को प्रतिनिधित्व देने पर विशेष ध्यान दिया गया है।
केंद्र नेतृत्व की नजर भी उत्तराखंड पर
बताया जा रहा है कि केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के 21 मार्च को प्रस्तावित उत्तराखंड दौरे से पहले ही यह विस्तार किया जा रहा है, जिससे राजनीतिक संदेश भी दिया जा सके।
संतुलन और संदेश दोनों
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मंत्रिमंडल विस्तार न केवल संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करेगा, बल्कि आगामी चुनावों के लिए मजबूत आधार भी तैयार करेगा।
फिलहाल, सबकी नजरें आज होने वाली शपथ ग्रहण समारोह पर टिकी हैं, जहां नए चेहरों के जरिए धामी सरकार नया राजनीतिक समीकरण साधने की कोशिश करेगी।







