देहरादून: राजधानी देहरादून के राजपुर थाना क्षेत्र में बीते 30 मार्च को हुए सनसनीखेज फायरिंग मामले में पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना में रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी की गोली लगने से मौत हो गई थी। अब तक इस मामले में कुल सात आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपियों के नाम आदेश गिरी, समीर चौधरी और मोहित अरोड़ा हैं। इससे पहले पुलिस चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। पुलिस के मुताबिक, घटना में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा।
बार विवाद से शुरू हुआ खूनी खेल:
पुलिस जांच में सामने आया है कि 29 मार्च की रात कुठालगेट के पास एक बार में स्टाफ और ग्राहकों के बीच बिल को लेकर विवाद हुआ था। यह मामूली कहासुनी अगले दिन यानी 30 मार्च को खूनी संघर्ष में बदल गई।
गाड़ियों से पीछा कर की गई फायरिंग:
30 मार्च की सुबह करीब 6 से 6:30 बजे के बीच दोनों पक्ष आमने-सामने आए और गाड़ियों से एक-दूसरे का पीछा करते हुए अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। काले रंग की स्कॉर्पियो में सवार युवक सफेद कार का पीछा कर रहे थे। दोनों वाहन तेज रफ्तार में जोहड़ी गांव पहुंचे, जहां भी फायरिंग जारी रही।
इसी दौरान मॉर्निंग वॉक पर निकले रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी अचानक इस फायरिंग की चपेट में आ गए। उन्हें गोली लगने से मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी।
पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई:
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून के निर्देश पर कई पुलिस टीमों का गठन किया गया और तेजी से कार्रवाई शुरू की गई। घटना के दिन ही पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से अवैध हथियार भी बरामद किए थे।
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अन्य साथियों के नाम भी उजागर किए, जिसके आधार पर पुलिस लगातार दबिश दे रही थी। इसी कड़ी में अब तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
एसपी सिटी प्रमोद सिंह ने बताया कि घटना में शामिल सभी आरोपियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। फरार आरोपियों की तलाश के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।
यह घटना राजधानी की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है, जिसके बाद पुलिस अब इस मामले को लेकर पूरी सख्ती बरत रही है।






