पौड़ी गढ़वाल जिले के चौबट्टाखाल क्षेत्र में गुलदार के हमले में चार साल की मासूम बच्ची की मौत के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना हुआ है। 2 अप्रैल की रात हुई इस दर्दनाक घटना ने ग्रामीणों को झकझोर कर रख दिया है। बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र के विद्यालयों को 6 अप्रैल तक बंद करने का निर्णय लिया है।
घटना के बाद वन विभाग ने तेजी से कार्रवाई शुरू कर दी है। विकासखंड पोखड़ा के कोलागाड़ क्षेत्र के ग्राम तिमली के भतकोट गांव में सक्रिय गुलदार को पकड़ने के लिए टीमों को तैनात किया गया है। गुलदार की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए 20 ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं और 3 पिंजरे भी स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा इलाके में लगातार गश्त बढ़ा दी गई है।
डीएफओ महातिम यादव ने बताया कि संबंधित गुलदार को पकड़ने के साथ-साथ आवश्यकता पड़ने पर उसे मार गिराने की भी अनुमति मिल चुकी है। यह अनुमति वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 11(1)(क) के तहत दी गई है। अंतिम विकल्प के तौर पर दो विभागीय शूटर भी तैनात किए गए हैं, जबकि ड्रोन जैसी आधुनिक तकनीकों की मदद से भी निगरानी की जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और खासकर बच्चों को अकेले बाहर न भेजने की अपील की है। स्कूल खुलने के बाद बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए वन और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम उन्हें घर से स्कूल और वापस सुरक्षित पहुंचाने की व्यवस्था करेगी। साथ ही ग्रामीणों के पालतू मवेशियों के लिए चारा-पत्ती की व्यवस्था भी की जा रही है।
इस बीच, घटना के बाद उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल भी गांव पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात कर सांत्वना दी। उन्होंने पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ते वन्यजीव हमलों पर चिंता जताते हुए सरकार और वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
गणेश गोदियाल ने आरोप लगाया कि सरकार इस गंभीर समस्या को नजरअंदाज कर रही है, जिसके कारण आए दिन इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि पहाड़ों में रहने वाले लोग भय के साए में जीने को मजबूर हैं और कई परिवारों को अपूरणीय क्षति झेलनी पड़ रही है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करेगी। साथ ही उन्होंने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने और वन्यजीवों के बढ़ते आतंक को रोकने के लिए प्रभावी रणनीति बनाने की मांग की है।
फिलहाल पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है और लोग अपने घरों से बाहर निकलने में भी डर रहे हैं। प्रशासन और वन विभाग की टीमें स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, ताकि जल्द से जल्द गुलदार को पकड़कर इलाके में सामान्य स्थिति बहाल की जा सके।







