हल्द्वानी: नैनीताल जिले के हल्द्वानी स्थित बनभूलपुरा क्षेत्र में गर्दन के दर्द का इलाज कराने गई महिला की मौत के मामले के बाद प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गए हैं। मंगलवार, 6 अक्टूबर को संयुक्त टीम ने क्षेत्र में छापेमारी कर तीन क्लीनिक सील कर दिए। जांच के दौरान क्लीनिक संचालक पंजीकरण, लाइसेंस और संचालन से जुड़े जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर लोगों की जान से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
महिला की मौत के बाद प्रशासन की छापेमारी
बनभूलपुरा क्षेत्र में गर्दन के दर्द का उपचार कराने गई एक महिला की मौत के बाद बिना जरूरी अनुमति के संचालित हो रहे क्लीनिकों को लेकर सवाल उठे थे। इसके बाद प्रशासन ने क्षेत्र में क्लीनिकों की जांच शुरू की।
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने अलग-अलग क्लीनिकों में पहुंचकर संचालकों से पंजीकरण, लाइसेंस और अन्य जरूरी दस्तावेज मांगे। जांच के दौरान तीन क्लीनिकों के संचालक आवश्यक कागजात प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद अधिकारियों ने तीनों क्लीनिकों को सील कर दिया।
संयुक्त टीम ने की कार्रवाई
क्लीनिकों के खिलाफ कार्रवाई के दौरान सिटी मजिस्ट्रेट एपी वाजपेयी, एसडीएम मोनिका आर्या, एसीएमओ रजत भट्ट, बनभूलपुरा कोतवाली पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौजूद रही।
अधिकारियों ने क्लीनिकों के दस्तावेजों की जांच की और जरूरी कागजात उपलब्ध नहीं होने पर नियमानुसार कार्रवाई की। प्रशासन का कहना है कि क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं देने वाले संस्थानों की जांच की जा रही है, ताकि नियमों के अनुरूप चिकित्सा सेवाएं सुनिश्चित की जा सकें।
बिना पंजीकरण क्लीनिक चलाने वालों पर सख्ती
सिटी मजिस्ट्रेट एपी वाजपेयी ने बताया कि बनभूलपुरा क्षेत्र में बिना आवश्यक दस्तावेजों के क्लीनिक संचालित किए जाने की शिकायत मिली थी। इसी आधार पर संयुक्त टीम ने जांच की। संचालकों के जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं करने पर तीन क्लीनिक सील किए गए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने वाले संस्थानों के लिए निर्धारित मानकों का पालन करना अनिवार्य है। क्लीनिक संचालकों के पास आवश्यक पंजीकरण, लाइसेंस और अन्य जरूरी दस्तावेज होने चाहिए।
अन्य क्लीनिक भी जांच के दायरे में
तीन क्लीनिक सील किए जाने के बाद बनभूलपुरा क्षेत्र में संचालित अन्य चिकित्सा संस्थानों पर भी कार्रवाई की संभावना है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम नियमों के पालन की जांच कर रही है।
अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि बिना जरूरी अनुमति या निर्धारित मानकों के विपरीत संचालित संस्थानों के खिलाफ आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी। महिला की मौत के मामले के बाद शुरू हुई इस कार्रवाई को क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।







