आज मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी नैनीताल दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने भीमताल क्षेत्र में विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया और जनसभा को संबोधित किया। कार्यक्रम में उन्होंने क्षेत्र के विकास, राज्य की प्रगति और सरकार की प्राथमिकताओं को लेकर कई अहम घोषणाएं भी कीं।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि भीमताल के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण योजनाओं को आज मंजूरी और गति दी गई है। भीमताल से देवीधुरा तक सड़क निर्माण कार्य के लिए ₹9.5 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके अलावा ₹112 करोड़ से अधिक की लागत वाली 17 योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया है, जिनमें सड़क, शिक्षा, चिकित्सा, खेल, गौशाला सहित विभिन्न विभागों की परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि ये सभी योजनाएं क्षेत्र की आधारभूत संरचना को मजबूत करने में महत्वपूर्ण सिद्ध होंगी।
सीएम धामी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष विकास में बाधक राजनीति कर रहा है, जबकि पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड विकास और समृद्धि के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। उन्होंने कहा कि आज राज्य के सुदूर गांवों तक इंफ्रास्ट्रक्चर और मूलभूत सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य देवभूमि उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित करना है। चारधाम की तर्ज पर मानसखंड के पौराणिक मंदिरों का पुनरुत्थान किया जा रहा है। उन्होंने घोषणा की कि भीमताल के विभिन्न क्षेत्रों में मिनी स्टेडियमों का निर्माण किया जाएगा, साथ ही लंबे समय से लंबित पार्किंग परियोजना को भी शीघ्र पूरा किया जाएगा।
इसके अलावा नया रोडवेज बस स्टेशन और अग्निशमन केंद्र स्थापित करने की भी घोषणा की गई।
मुख्यमंत्री धामी ने पहाड़ों से हो रहे पलायन पर चिंता व्यक्त की, लेकिन कहा कि राज्य सरकार लगातार स्थानीय आर्थिकी को मजबूत करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश की मातृशक्ति द्वारा तैयार किए जा रहे स्थानीय उत्पादों ने विश्व स्तर पर अलग पहचान बनाई है।
सीएम धामी ने बताया कि राज्य में रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो यह दर्शाता है कि लोग अब दोबारा अपने घरों की ओर लौट रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह बदलाव उत्तराखंड के लिए एक सकारात्मक संकेत है और आने वाले समय में यह प्रवृत्ति और भी मजबूत होगी।







