उत्तराखंड के चंपावत जिले में नाबालिग से कथित सामूहिक दुष्कर्म के मामले में सियासत तेज हो गई है। मामले में बीजेपी के पूर्व पदाधिकारी का नाम सामने आने के बाद मुख्य विपक्षी दल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है।
सीएम पुष्कर सिंह धामी के गृह क्षेत्र खटीमा में आक्रोशित कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री का पुतला फूंककर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश में बेटियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
इस बीच महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला चंपावत पहुंचीं, जहां उन्होंने पार्टी नेताओं के साथ पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की। इसके बाद वह महिला कार्यकर्ताओं के साथ कोतवाली में धरने पर बैठ गईं। उन्होंने इस घटना को “देवभूमि को शर्मसार करने वाला” बताते हुए कहा कि पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए महिला कांग्रेस हर स्तर पर संघर्ष करेगी।
ज्योति रौतेला ने आरोप लगाया कि प्रदेश में लगातार बेटियों के उत्पीड़न के मामलों में सत्तारूढ़ दल के लोगों के नाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने पुलिस की जांच प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए पीड़ित परिवार पर दबाव बनाने के आरोप लगाए।
वहीं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य बॉबी राठौर ने कहा कि यह घटना बेहद गंभीर और निंदनीय है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस उग्र आंदोलन करेगी और सड़कों पर उतरकर न्याय की मांग करेगी।
मामले को लेकर राष्ट्रीय स्तर पर भी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। अलका लांबा ने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
गौरतलब है कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर तीन आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भी भारी आक्रोश है।
इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर प्रदेश में कानून व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर बहस को तेज कर दिया है, जबकि पीड़िता के लिए न्याय की मांग लगातार जोर पकड़ रही है।







