देहरादून के प्रेमनगर थाना क्षेत्र में 23 मार्च को हुए छात्र दिव्यांशु जटराना हत्याकांड को लेकर अब सियासत भी तेज हो गई है। मामले में अब तक सिर्फ चार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद किसान संगठनों में आक्रोश बना हुआ है। इसी के चलते किसान नेता राकेश टिकैत के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान देहरादून पहुंचे और पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
प्रदर्शन के बीच अब प्रदेश के कैबिनेट मंत्री खजानदास का भी बयान सामने आया है। उन्होंने घटना को दुखद और चिंताजनक बताते हुए कहा कि सरकार इस मामले में गंभीर है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है और कई आरोपियों को गिरफ्तार भी किया जा चुका है।
हालांकि, मंत्री खजानदास ने इस मुद्दे पर हो रही राजनीति पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग इस घटना को राजनीतिक रूप देने की कोशिश कर रहे हैं और जनता की भावनाओं को भड़काने का काम कर रहे हैं, जो उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तराखंड में अब राजनीति का माहौल बनने लगा है, ऐसे में इस तरह के घटनाक्रम सामने आ सकते हैं।
गौरतलब है कि 23 मार्च को प्रेमनगर क्षेत्र में छात्रों के दो गुटों के बीच हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया था। इस दौरान दिव्यांशु जटराना गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनकी बाद में मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने 15 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था, जिनमें से अभी तक चार आरोपियों को ही गिरफ्तार किया जा सका है। वहीं, फरार सात आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।
दूसरी ओर, आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर किसान नेता राकेश टिकैत ने सरकार पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है। उनके नेतृत्व में पश्चिमी उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में किसान देहरादून पहुंचे और पहले दिव्यांशु को श्रद्धांजलि दी, उसके बाद आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।
राकेश टिकैत ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती है, तो यह प्रदर्शन बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है। फिलहाल इस पूरे मामले ने कानून व्यवस्था और राजनीतिक माहौल दोनों को गरमा दिया है, वहीं पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग लगातार तेज होती जा रही है।







