देहरादून: राजपुर थाना पुलिस ने करोड़ों रुपये की जमीन धोखाधड़ी और फर्जी रजिस्ट्री के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी विशाल कुमार को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी पर पुलिस ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। गिरफ्तारी के दौरान उसके कब्जे से एक अवैध 32 बोर पिस्टल और दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत भी मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी विशाल कुमार उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में गैंगस्टर समेत करीब दो दर्जन आपराधिक मुकदमों में नामजद है और पूर्व में कई मामलों में जेल भी जा चुका है। वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहा था।
मामले की शुरुआत 22 जून 2025 को हुई थी, जब लक्ष्मण चौक निवासी कमल जिंदल ने थाना राजपुर में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि विशाल कुमार और उसके साथियों ने राजपुर रोड स्थित एक संपत्ति को बेचने का झांसा देकर उनसे अलग-अलग माध्यमों से कुल 6 करोड़ 75 लाख रुपये ले लिए। रकम लेने के बावजूद आरोपी ने न तो संपत्ति की रजिस्ट्री कराई और न ही पैसे वापस लौटाए।
जांच के दौरान पुलिस को यह भी पता चला कि आरोपी के खिलाफ पहले से ही एक बुजुर्ग एनआरआई महिला ने अपनी जमीन की फर्जी रजिस्ट्री कराने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया हुआ है। मामले की गहराई से जांच करने पर सामने आया कि विशाल कुमार के खिलाफ उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के विभिन्न थानों में धोखाधड़ी, जालसाजी और गैंगस्टर एक्ट के तहत करीब 24 मुकदमे दर्ज हैं।
आरोपी की लगातार फरारी को देखते हुए राजपुर पुलिस ने न्यायालय से उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) प्राप्त किया और उसकी गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने आरोपी के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी और तकनीकी व मुखबिर तंत्र की सहायता से उसकी तलाश जारी रखी।
आखिरकार पुलिस को सफलता तब मिली, जब तपोवन रोड स्थित आईटी पार्क चौक के पास चेकिंग के दौरान मुखबिर से सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी विशाल कुमार को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से एक अवैध 32 बोर पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए।
राजपुर थाना प्रभारी पीडी भट्ट ने बताया कि आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी के मुकदमों के अलावा आर्म्स एक्ट के तहत भी नया मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर उसके नेटवर्क और अन्य सहयोगियों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है।
पुलिस का कहना है कि आरोपी के खिलाफ दर्ज मामलों और उसके आपराधिक इतिहास को देखते हुए जांच को और आगे बढ़ाया जा रहा है। संभावना है कि पूछताछ में जमीन धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेजों से जुड़े कई अन्य मामलों का भी खुलासा हो सकता है।






