रुद्रपुर: ऊधमसिंह नगर जिले के किच्छा में नगर पालिका चुनाव की मतगणना के दौरान मंगलवार शाम राजनीतिक तनाव उस समय बढ़ गया, जब विधायक तिलक राज बेहड़ और पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के समर्थक आमने-सामने आ गए। विवाद बढ़ने पर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी और धक्का-मुक्की हुई। इस दौरान विधायक तिलक राज बेहड़ को थप्पड़ मारे जाने का भी आरोप सामने आया। पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप कर स्थिति को नियंत्रित किया और दोनों पक्षों को अलग कर दिया।
जानकारी के अनुसार, मतगणना परिसर में स्ट्रांग रूम के बाहर व्यवस्था और पर्दे लगाए जाने को लेकर पहले से विवाद की स्थिति बनी हुई थी। इसी बीच विधायक तिलक राज बेहड़ और पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के बीच बहस शुरू हो गई, जो देखते ही देखते समर्थकों तक पहुंच गई। परिसर में मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने तत्काल मोर्चा संभालते हुए स्थिति को बिगड़ने से रोका।
घटना के बाद पुलिस ने दोनों पक्षों के लोगों को अलग-अलग स्थानों पर भेज दिया। पुलिस के अनुसार, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला और उनके समर्थकों को पंतनगर स्थित सिडकुल चौकी ले जाया गया, जबकि विधायक तिलक राज बेहड़ और उनके समर्थकों को किच्छा कोतवाली पहुंचाया गया। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए उठाया गया।
मामले में पुलिस ने लालपुर की आस्था कॉलोनी निवासी 40 वर्षीय धीरज कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस का आरोप है कि धीरज कुमार ने वर्तमान विधायक के साथ धक्का-मुक्की की। उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके अलावा पुलिस ने शांति व्यवस्था भंग करने के आरोप में अब तक 30 लोगों को हिरासत में लिया है और उनकी भूमिका की जांच की जा रही है।
विधायक तिलक राज बेहड़ के समर्थकों ने घटना को गंभीर बताते हुए प्राथमिकी दर्ज करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि प्रशासन और पुलिस की मौजूदगी में इस तरह की घटना हुई है तो इसकी निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने के प्रयास का आरोप भी लगाया गया है।
हालांकि, इन आरोपों और दावों की अंतिम स्थिति पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि निर्वाचन प्रक्रिया की निष्पक्षता और स्ट्रांग रूम की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
एसएसपी अजय गणपति ने कहा कि कानून एवं शांति व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ साक्ष्यों के आधार पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुनाव प्रक्रिया में बाधा डालने या माहौल खराब करने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
घटना के बाद मतगणना परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। पुलिस पूरे घटनाक्रम के सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।






