हल्द्वानी: नैनीताल जिले के हल्द्वानी स्थित रामलीला मैदान में कथित शुद्धिकरण प्रकरण को लेकर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस ने इस मामले में भाजपा नेताओं के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए कार्रवाई की मांग की है। राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज मुकदमे के विरोध में सोमवार 31 अगस्त को नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्या के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता हल्द्वानी कोतवाली पहुंचे और पुलिस को ज्ञापन सौंपा।
कांग्रेस नेताओं ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट समेत करीब 15 लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की। साथ ही राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को भी अन्यायपूर्ण बताते हुए उसे वापस लेने की मांग उठाई। कांग्रेस का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
कोतवाली पहुंचे कांग्रेस कार्यकर्ता
हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद शुरू हुए कथित शुद्धिकरण विवाद ने अब नया राजनीतिक मोड़ ले लिया है। सोमवार को नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्या के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता हल्द्वानी कोतवाली पहुंचे और पुलिस को तहरीर सौंपी। कांग्रेस ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, श्रीराम सेवा से जुड़े गिरीश पांडे सहित अन्य लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की।
यशपाल आर्या ने लगाए गंभीर आरोप
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्या ने आरोप लगाया कि कथित शुद्धिकरण कार्यक्रम के माध्यम से कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का अपमान किया गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं द्वारा पहले भी इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी गई थी, लेकिन अब तक कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई।
यशपाल आर्या ने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ बेहद कम समय में एफआईआर दर्ज कर दी गई, जबकि कांग्रेस की शिकायत पर कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे प्रकरण से भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता उजागर होती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर लगातार संघर्ष करेगी और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
एआई से बने कथित वीडियो की जांच की मांग
कांग्रेस नेताओं ने पुलिस से एआई तकनीक का उपयोग कर बनाए गए कथित फर्जी वीडियो की भी जांच कराने और संबंधित लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि दोनों मामलों में निष्पक्ष और पारदर्शी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, 8 अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा आयोजित की गई थी। इसके बाद 11 अगस्त को कुछ लोगों द्वारा सभा स्थल और मंच का कथित रूप से शुद्धिकरण किए जाने का मामला सामने आया था। इस घटना को लेकर कांग्रेस ने कड़ा विरोध जताया था और देशभर में प्रदर्शन भी किए गए थे।
अब राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर और कथित शुद्धिकरण प्रकरण को लेकर उत्तराखंड में राजनीतिक बयानबाजी और विरोध-प्रदर्शन का दौर तेज हो गया है। कांग्रेस ने साफ संकेत दिए हैं कि यदि उनकी शिकायत पर कार्रवाई नहीं हुई तो आने वाले दिनों में आंदोलन और उग्र रूप ले सकता है।







