देहरादून: भाजपा के उत्तराखंड प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में वह स्वागत के दौरान लगाए गए तिलक को रुमाल से पोंछते हुए नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस ने इसे देवभूमि की संस्कृति और सनातन परंपराओं का अपमान बताते हुए भाजपा पर निशाना साधा है।
हल्द्वानी में हुआ था स्वागत, कुछ देर बाद पोंछ दिया तिलक
दरअसल, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन अपने दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर हैं। हल्द्वानी में आयोजित भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट और प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। कार्यक्रम स्थल पर पारंपरिक रीति-रिवाजों के तहत महिला कार्यकर्ताओं ने नेताओं का तिलक लगाकर स्वागत किया।
इसी दौरान दुष्यंत गौतम को भी तिलक लगाया गया, लेकिन कुछ ही देर बाद उन्होंने रुमाल निकालकर तिलक पोंछ दिया। यह पूरा घटनाक्रम कैमरे में कैद हो गया और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
कांग्रेस ने बताया सनातन परंपराओं का अपमान
वीडियो वायरल होने के बाद कांग्रेस ने भाजपा को घेरना शुरू कर दिया। कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह ने कहा कि तिलक सनातन संस्कृति में सम्मान, आस्था और शुभता का प्रतीक माना जाता है। ऐसे में सार्वजनिक रूप से तिलक पोंछना देवभूमि उत्तराखंड की परंपराओं का अपमान है।
उन्होंने कहा कि भाजपा खुद को सनातन संस्कृति का सबसे बड़ा संरक्षक बताती है, लेकिन उसके नेताओं के कार्य इसके विपरीत दिखाई देते हैं। कांग्रेस ने दुष्यंत गौतम से सार्वजनिक माफी की मांग भी की है।
सोशल मीडिया पर बंटी लोगों की राय
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे सामान्य घटना मान रहे हैं, जबकि कई लोग इसे धार्मिक आस्था और परंपराओं से जोड़कर देख रहे हैं। इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस भी तेज हो गई है।
चुनावी तैयारियों के बीच बढ़ी सियासी गर्मी
उत्तराखंड में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच भाजपा संगठन को मजबूत करने में जुटी हुई है। राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का यह दौरा भी संगठनात्मक बैठकों और चुनावी रणनीति को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। लेकिन दुष्यंत गौतम के वायरल वीडियो ने राजनीतिक माहौल को नया मुद्दा दे दिया है।
अब देखना होगा कि भाजपा इस विवाद पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया देती है या नहीं, लेकिन फिलहाल तिलक पोंछने का यह वीडियो प्रदेश की राजनीति में चर्चा का केंद्र बना हुआ है।







