टिहरी गढ़वाल: ऋषिकेश के समीप टिहरी जिले के मुनिकीरेती थाना क्षेत्र में पर्यटकों के हंगामे का मामला सामने आया है। खारास्रोत क्षेत्र में शराब के नशे में धुत कुछ पर्यटकों ने जमकर उत्पात मचाया और स्थानीय लोगों के साथ मारपीट कर दी। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, घायलों को अस्पताल भिजवाया और फरार आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को तपोवन क्षेत्र से हिरासत में ले लिया। मामले में तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
शराब पीने से रोकने पर शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, खारास्रोत क्षेत्र की पार्किंग में कुछ पर्यटक खुलेआम शराब पी रहे थे। जब स्थानीय लोगों ने उन्हें सार्वजनिक स्थान पर शराब पीने से रोका तो दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और पर्यटकों ने स्थानीय लोगों के साथ मारपीट कर दी। घटना में कुछ लोग घायल हो गए।
तपोवन से दबोचे गए आरोपी
घटना की सूचना मिलते ही मुनिकीरेती थाना पुलिस मौके पर पहुंची और सबसे पहले घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा। इसके बाद फरार आरोपियों की तलाश में अभियान चलाया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को तपोवन क्षेत्र से हिरासत में ले लिया।
6 लोगों पर पुलिस अधिनियम के तहत कार्रवाई
टिहरी की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे ने बताया कि जांच के दौरान शराब के नशे में हंगामा कर रहे छह लोगों को उत्तराखंड पुलिस अधिनियम की धारा 81 के तहत हिरासत में लिया गया है। वहीं, स्थानीय लोगों की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
कानून तोड़ने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
एसएसपी श्वेता चौबे ने कहा कि सार्वजनिक शांति भंग करने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ पुलिस आगे भी इसी तरह सख्ती से कार्रवाई करेगी। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि किसी भी अप्रिय घटना या कानून-व्यवस्था से जुड़ी सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
गौरतलब है कि ऋषिकेश, मुनिकीरेती, तपोवन और आसपास के पर्यटन क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से आने वाले कुछ पर्यटकों द्वारा शराब पीकर हंगामा करने और स्थानीय लोगों से विवाद करने की घटनाएं पहले भी सामने आ चुकी हैं। कई बार इन घटनाओं के कारण स्थानीय लोगों और पर्यटकों के बीच तनाव की स्थिति भी बनी है। हालांकि पुलिस लगातार ऐसे मामलों में कार्रवाई कर रही है, लेकिन बार-बार सामने आ रही घटनाओं ने पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पर्यटन स्थलों पर नियमित पुलिस गश्त और सख्त निगरानी से ही ऐसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाई जा सकती है।







